अवतल एवं उत्तल दर्पण में भिन्नता

अवतल एवं उत्तल दर्पण में भिन्नता बताइए। अवतल एवं उत्तल दर्पणों को एक-एक उपयोग लिखिए।

(क) उत्तल दर्पण-वह गोलीय दर्पण, जिसका परावर्तक पृष्ठ बाहर की ओर वक्रित होता है, उत्तल दर्पण कहलाता है।
(ख) अवतल दर्पण-वह गोलीय दर्पण, जिसका परावर्तक पृष्ठ अंदर की ओर अर्थात् गोले के केन्द्र की ओर वक्रित होता है, अवतल दर्पण कहलाता है।

अवतल दर्पण का उपयोग-इनका उपयोग सामान्यतः शेविंग दर्पण के रूप में, पॅर्च, सर्चलाइट तथा वाहनों के अग्रदीपों (Headlights) में प्रकाश का शक्तिशाली समान्तर किरण पुंज प्राप्त करने के लिए किया जाता है।

उत्तल दर्पण का उपयोग-इनका उपयोग सामान्यतः वाहनों के पश्च दृश्य (wing) दर्पणों के रूप में किया जाता है। वर्तमान में नये ATM मशीनों के पास भी सुरक्षा की दृष्टि से ऐसे उत्तल दर्पण लगाये जा रहे हैं ताकि ग्राहक को पीछे का पूरा दृश्य दिख सके।

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