आर.आई.ए. रेडियो प्रतिरक्षी आमापन (Radio Immuno Assay RIA)-RIA

रेडियो प्रतिरक्षी आमापन (Radio Immuno Assay RIA)-RIA आर.आई.ए. क्या है? इसकी कार्यप्रणाली व उपयोगों का संक्षिप्त वर्णन कीजिए।उत्तर:रेडियो प्रतिरक्षी आमापन (Radio Immuno Assay RIA)-RIA एक विश्लेषणात्मक विधि है, जिसका प्रयोग बहुत पहले से किया जाता […]

एम.आर.आई Magnetic Resonance Imaging (MRI)

एम.आर.आई पर निबंधात्मक टिप्पणी लिखिए।उत्तर:Magnetic Resonance Imaging (MRI) तकनीक की खोज का श्रेय फेलिक्स ब्लॉक एवं एडवर्ड एम. परसेल को जाता है, जिन्हें इसके लिए 1952 में नोबेल पुरस्कार से सम्मानित किया गया। चिकित्सा विज्ञान […]

इलेक्ट्रोएनसिफेलोग्राफी तकनीक EEG

ई. ई. जी. को सचित्र स्पष्ट करते हुए इसके उपयोग दीजिए।उत्तर:इलेक्ट्रोएनसिफेलोग्राफी तकनीक में मस्तिष्क के विभिन्न भागों की विद्युतीय क्रिया (Electrical Activity) का मापन कर उनको आवर्धित रूप में रिकॉर्ड किया जाता है। सैटन (Satton) […]

रक्त में हीमोग्लोबिन मापन

रक्त में हीमोग्लोबिन मापन का सविस्तार वर्णन कीजिए।उत्तर:रक्त में उपस्थित हीमोग्लोबिन का मापन हीमोग्लोबिनोमेट्री कहलाता है। यह रक्ताणुओं (RBCs) में पाया जाने वाला एक श्वसन वर्णक है। रासायनिक रूप से यह एक क्रोमोप्रोटीन है जो […]

एम.आर.आई. तकनीक सी.टी.स्कैन

एम.आर.आई. तकनीक सी.टी.स्कैन से अधिक श्रेष्ठ व निरापद क्यों है?उत्तर:चिकित्सा विज्ञान में इसका उपयोग रेमण्ड दैमेडियन द्वारा प्रारम्भ किया गया। यह C.T. Scan से भी अधिक श्रेष्ठ तथा निरापद परीक्षण तकनीक है जिसमें मरीज को […]

ई.एस.आर. का रोग निदान में महत्त्व

ई.एस.आर. का रोग निदान में महत्त्व स्पष्ट कीजिए।उत्तर:ESR का मान सामान्य से अधिक होता है तो यह शरीर में किसी असामान्यता अर्थात् रोग का संकेत देता है। कई प्रकार के जीर्ण रोग अवस्थाओं जैसे तपेदिक […]

सोनोग्राफी तकनीक का महत्व

सोनोग्राफी तकनीक का महत्व लिखिए।उत्तर:जब पराध्वनि को मनुष्य के शरीर के ऊतकों एवं अंगों पर डाला जाता है तो वे उनसे टकराकर वापस आ जाती हैं व प्रतिध्वनियों की एक श्रृंखला की तरह ट्रान्सड्यूसर द्वारा […]

E.C.G के उपयोग

E.C.G के उपयोग लिखिए।उत्तर:ई.सी.जी. में हृदय के विभिन्न कक्षों या भागों के संकुचन तथा शिथिलन के समय होने वाली विद्युतीय गतिविधियों के संकेत एक निश्चित पैटर्न की तरंगों के रूप में प्राप्त होते हैं। इन […]

विभेदक श्वेताणु गणना (D. L. C.) का चिकित्सकीय महत्व क्या है ?

विभेदक श्वेताणु गणना (D. L. C.) का चिकित्सकीय महत्व क्या है ?उत्तर:रक्त की इस जाँच में भिन्न-भिन्न प्रकार के श्वेताणुओं को प्रतिशत ज्ञात किया जाता है। यह रक्त परीक्षण कुल श्वेताणू गणना से भी अधिक […]